Mumbai में बम धमकी से हड़कंप: अहम संस्थानों की सुरक्षा बढ़ाई गई
मुंबई। महराष्ट्र की राजधानी मुंबई में गुरुवार को कई महत्वपूर्ण संस्थानों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आ गईं। धमकी भरे ईमेल महाराष्ट्र विधानभवन, बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज, बॉम्बे हाईकोर्ट और मुंबई मेट्रो सहित कई प्रमुख स्थानों को भेजे गए। इन ईमेल के सामने आते ही प्रशासन और पुलिस ने तुरंत सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी।
मुंबई पुलिस के अनुसार गुरुवार सुबह सबसे पहले बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज, विधानभवन और बॉम्बे हाईकोर्ट को धमकी भरे ईमेल मिले। ईमेल में दावा किया गया कि विधानभवन परिसर में बम रखा गया है। इसके बाद एहतियातन पूरे विधानसभा परिसर को खाली करा लिया गया। वहां मौजूद कर्मचारियों, अधिकारियों और पत्रकारों को तुरंत बाहर निकाल दिया गया। घटना की सूचना मिलते ही बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वॉड को मौके पर बुलाया गया। सुरक्षा टीमों ने पूरे परिसर में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया। अधिकारियों ने बताया कि अब तक किसी भी स्थान से बम या संदिग्ध विस्फोटक सामग्री बरामद नहीं हुई है, लेकिन पूरी तरह संतुष्टि होने तक तलाशी अभियान जारी रहेगा। इस बीच बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज के एक प्रवक्ता ने भी धमकी भरे ईमेल मिलने की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं और संबंधित सुरक्षा एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है। बताया गया है कि बाद में मुंबई मेट्रो और कुछ बैंकों को भी इसी तरह के धमकी भरे ईमेल मिले। फिलहाल कहीं से भी किसी संदिग्ध वस्तु के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है।


राशिफल 23 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
कृषि, पशुपालन और उद्यम से जुड़ी धरमजयगढ़ की महिलाएं अब स्थानीय बीजों और अनाजों से बना रहीं राखियां
विष्णुभोग चावल बना जीपीएम जिले का गौरव
रेल यात्रियों और मासूम बच्चों की सुरक्षा के प्रति जीआरपी की संवेदनशीलता का उत्कृष्ट उदाहरण
नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" अभियान को प्रदेशभर में मिल रहा जनसमर्थन
अवैध लकड़ी परिवहन पर वन विकास निगम की बड़ी कार्रवाई
मल्हार में खुली छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक की नई शाखा
विश्व कप के रण में मध्यप्रदेश का गौरव: हॉकी इंडिया की विश्व कप टीम में हॉकी अकादमी के एसोसिएट खिलाड़ी विवेक सागर प्रसाद का चयन
मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई
स्वस्थ पशुधन, समृद्ध किसान: मुंगेली में 582 शिविरों से बदली पशुपालन की तस्वीर